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बिहार चुनाव 2025: मेनिफेस्टो युद्ध — एनडीए का ‘संकल्प पत्र’ बनाम महागठबंधन का ‘तेजस्वी प्रण’, जन सुराज की उम्मीदवार सूची

By Ayush

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पटना, 4 नवंबर 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण की वोटिंग से पहले मेनिफेस्टो और उम्मीदवारों की घोषणाओं ने चुनावी माहौल को गर्मा दिया है। एनडीए ने 31 अक्टूबर को ‘संकल्प पत्र 2025’ जारी किया, जबकि महागठबंधन ने 28 अक्टूबर को ‘बिहार का तेजस्वी प्रण’ पेश किया। वहीं, जन सुराज ने 116 उम्मीदवारों की सूची जारी कर तीसरी ताकत के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है।

ये घोषणाएं रोजगार, महिला सशक्तिकरण, इंफ्रास्ट्रक्चर और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों पर केंद्रित हैं और बिहार के 7.42 करोड़ मतदाताओं को सीधे लक्ष्य करती हैं।


एनडीए का ‘संकल्प पत्र 2025’: इंफ्रा और नौकरियों पर बड़ा दांव

जारी: 31 अक्टूबर 2025 | नेता: जेपी नड्डा और नीतीश कुमार | संकल्प: 25 मुख्य वादे

एनडीए ने ‘विकसित बिहार’ का रोडमैप पेश किया, जिसमें उद्योग, रक्षा उत्पादन, महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और आधुनिक बुनियादी ढांचे पर जोर दिया गया है। विपक्ष ने इसे “पुराने वादों का रिपीट” कहा, जबकि एनडीए ने इसे “विश्वास का दस्तावेज” बताया।

प्रमुख वादे

  • रोजगार: 5 साल में 1 करोड़ सरकारी नौकरियां, 50 लाख करोड़ निवेश
  • इंडस्ट्री: प्रत्येक जिले में फैक्ट्री, डिफेंस कॉरिडोर, टेक सिटी, फिनटेक हब
  • महिलाएं: 1 करोड़ ‘लाखपति दीदियां’, 2 लाख तक वित्तीय सहायता
  • इंफ्रास्ट्रक्चर: 7 एक्सप्रेसवे, 4 शहरों में मेट्रो, 4 इंटरनेशनल एयरपोर्ट
  • कृषि: 9,000 रुपये सालाना सहायता, MSP गारंटी
  • शिक्षा/स्वास्थ्य: हर जिले में मेडिकल कॉलेज, मुफ्त शिक्षा KG से PG

विपक्ष ने इसे “20 साल की सत्ता के बावजूद अधूरे वादों का पैकेज” कहा। तेजस्वी ने इस पर टिप्पणी की, “यह संकल्प पत्र नहीं, सॉरी लेटर है।”


महागठबंधन का ‘तेजस्वी प्रण’: रोजगार और महिलाओं पर फोकस

जारी: 28 अक्टूबर 2025 | नेता: तेजस्वी यादव

महागठबंधन ने ‘हम वादा नहीं, काम करते हैं’ संदेश के साथ घोषणापत्र पेश किया। इसमें सरकारी नौकरियों और महिला कल्याण को सबसे बड़ी प्राथमिकता दी गई है।

प्रमुख वादे

  • सरकारी नौकरी: हर परिवार को एक सरकारी नौकरी (20 दिनों में कानून)
  • महिलाएं: 2,500 रुपये मासिक सहायता, जीविका दीदियों को 30,000 वेतन
  • सुविधाएं: 200 यूनिट मुफ्त बिजली, OPS बहाल
  • कृषि: सभी फसलों पर MSP, बटाईदारों को लैंड ID
  • शिक्षा/युवा: प्रतियोगी परीक्षाओं में मुफ्त आवेदन और यात्रा

एनडीए ने इसे “अव्यावहारिक” बताया, जबकि कांग्रेस नेताओं ने इसे सराहा। बटाईदार और भूमिहीनों के मुद्दे पर ग्रामीण इलाकों में चर्चा तेज है।

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जन सुराज: 116 उम्मीदवार, तीसरी ताकत का दावा

नेता: प्रशांत किशोर | घोषित सीटें: 116

जन सुराज ने शिक्षित, नए और विविध सामाजिक समूहों से उम्मीदवार उतारकर नए विकल्प का संदेश दिया है।

उम्मीदवार प्रोफाइल

  • गणितज्ञ केसी सिन्हा (कुम्हरार)
  • पूर्व आईपीएस आरके मिश्रा (दरभंगा)
  • ट्रांसजेंडर उम्मीदवार प्रीति किन्नर (भोरे)
  • भोजपुरी गायक ऋतेश रंजन पांडेय (करगहर)

पार्टी ने 16% मुस्लिम और 17% EBC प्रतिनिधित्व दिया है।


वादों की सीधी तुलना

मुद्दाएनडीएमहागठबंधन
रोजगार1 करोड़ नौकरियांहर परिवार को सरकारी नौकरी
महिलाएंलाखपति दीदी योजना, 2 लाख सहायता2,500 मासिक, जीविका को 30,000
उद्योगफैक्ट्री, डिफेंस कॉरिडोर, 7 एक्सप्रेसवेमुफ्त बिजली, OPS
शिक्षाफ्री एजुकेशन, मेडिकल कॉलेजमुफ्त आवेदन व यात्रा
कृषि9,000 सहायता, MSPसभी फसलों पर MSP, बटाईदार कार्ड

निष्कर्ष

बेरोजगारी, महिला सशक्तिकरण और विकास बिहार चुनाव का मुख्य एजेंडा बन चुका है। एनडीए मेगा इंफ्रा मॉडल पर, महागठबंधन रोजगार गारंटी पर, और जन सुराज नए चेहरे व सामाजिक संतुलन पर दांव खेल रही है।

पहले चरण का मतदान 6 नवंबर से शुरू होगा और नतीजे 14 नवंबर को आएंगे।


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