पटना, 20 जनवरी 2026 — बिहार की राजधानी पटना के चित्रगुप्त नगर थाना क्षेत्र स्थित शंभू गर्ल्स हॉस्टल में NEET की तैयारी कर रही 17-18 वर्षीय छात्रा गायत्री कुमारी (जहानाबाद निवासी) की संदिग्ध मौत का मामला अब पूरे राज्य में आग की तरह फैल गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यौन हिंसा (sexual violence) की आशंका की पुष्टि होने के बाद मामला गंभीर हो गया है। पुलिस ने SIT गठित की है, लेकिन परिवार और छात्र संगठनों ने CBI जांच की मांग तेज कर दी है।
घटना का क्रम और मुख्य तथ्य
- 6 जनवरी 2026: गायत्री कुमारी हॉस्टल के अपने कमरे में बेहोश मिलीं। हॉस्टल कर्मचारियों ने उन्हें पहले एक निजी अस्पताल में ले गए, फिर दूसरे और तीसरे अस्पताल (प्रभात मेमोरियल हॉस्पिटल) में भर्ती कराया।
- 11 जनवरी 2026: इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
- पोस्टमार्टम रिपोर्ट: AIIMS दिल्ली से आने वाली रिपोर्ट का इंतजार, लेकिन प्रारंभिक रिपोर्ट में सिर, गर्दन, कंधे और शरीर पर गंभीर चोटें, प्राइवेट पार्ट पर ब्लीडिंग और चोट के निशान। “Sexual violence cannot be ruled out” का उल्लेख। विरोधाभास: शुरुआती पुलिस रिपोर्ट में सुसाइड/ओवरडोज बताया गया, लेकिन पोस्टमार्टम में हत्या/बलात्कार की आशंका।
- LAMA रिपोर्ट (127 पन्ने): अस्पताल से छुट्टी के बाद मौत, लेकिन रिपोर्ट में गंभीर चोटें दर्ज।
- हॉस्टल से सबूत: डायरी, मोबाइल फोन खंगाले गए। गूगल सर्च हिस्ट्री में सुसाइड और नींद की दवा से जुड़े सर्च मिले, यूरिन टेस्ट में नींद की दवा का डोज पाया गया। लेकिन कैमरों के बावजूद कोई फुटेज नहीं मिला – हॉस्टल की भूमिका संदिग्ध।
- गिरफ्तारियां: हॉस्टल मालिक मनीष कुमार रंजन (चपरासी से करोड़पति बना) गिरफ्तार। 3 लोग (मृतका के करीबी/हॉस्टल से जुड़े) पुलिस हिरासत में। मुख्य आरोपी (हॉस्टल संचालक दंपती या अन्य) अभी फरार।
- SIT जांच: DGP के आदेश पर SIT गठित (एसपी नेतृत्व में, 2 DSP और 2 इंस्पेक्टर शामिल)। थाना प्रभारी रौशनी, ASP-SP और SSP पर लापरवाही के आरोप (गलत रिपोर्ट, बिना जांच सुसाइड बताना)।
राजनीतिक और सामाजिक हलचल
- परिवार की मांग: CBI जांच, हॉस्टल सील करने और सभी कमरों की जांच।
- प्रतिरोध: छात्राएं सड़कों पर उतरीं, कर्गिल चौक पर प्रदर्शन। कई FIR दर्ज, लेकिन प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई शुरू।
- प्रमुख बयान:
- रोहिणी आचार्य (सांसद): SIT और CM नीतीश कुमार पर सवाल, महिलाओं की सुरक्षा पर बड़ा हमला।
- पप्पू यादव: अमित शाह को पत्र, उच्चस्तरीय जांच की मांग।
- प्रशांत किशोर (जन सुराज): पटना SSP से मिले, निष्पक्ष जांच और प्रदर्शनकारियों पर FIR वापस लेने की मांग।
- राष्ट्रीय/राज्य मानवाधिकार आयोग: अधिवक्ता एस.के. झा ने याचिका दायर, शुरुआती स्तर पर दबाने का आरोप।
- एक और मामला: पटना के परफेक्ट गर्ल्स हॉस्टल में 6 जनवरी को एक अन्य NEET छात्रा की संदिग्ध मौत (टॉर्चर/आत्महत्या का आरोप)। हॉस्टल ऑपरेटर विशाल अग्रवाल, रंजीत मिश्रा और वार्डन खुशबू कुमारी पर आरोप।
हॉस्टल की स्थिति और सवाल
- हॉस्टल में CCTV थे, लेकिन फुटेज गायब।
- पड़ोसियों का दावा: हॉस्टल में अय्याशी का अड्डा, 3 फ्लोर पर संदिग्ध गतिविधियां।
- NEET छात्राओं की सुरक्षा पर बड़ा सवाल: पटना में कोचिंग हॉस्टलों की जांच की मांग तेज।
यह मामला अब राष्ट्रीय स्तर पर पहुंच गया है। SIT जांच जारी है, लेकिन परिवार और छात्र संगठन CBI जांच पर अड़े हैं। स्थिति तेजी से बदल सकती है – आधिकारिक अपडेट के लिए पुलिस या आयोग की वेबसाइट चेक करें।









